बहराइच उत्तर प्रदेश
बहराइच जनपद के रिसिया थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत रामपुर बरई में शुक्रवार को एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां एक 14 वर्षीय किशोरी मोहिनी का शव संदिग्ध परिस्थितियों में दुपट्टे के सहारे छत के कुंडे से लटकता मिला। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन मौत के पीछे की वजह अब तक स्पष्ट नहीं हो सकी है।
घर में अकेली थी किशोरी
जानकारी के अनुसार, मृतका मोहिनी के पिता जुगुल किशोर ने बताया कि शुक्रवार को वह अपनी पत्नी के साथ एक रिश्तेदार का हालचाल जानने के लिए मेडिकल कॉलेज बहराइच गए थे। इस दौरान उनकी बेटी मोहिनी घर पर अकेली थी। दोपहर लगभग 12 बजे जब वे दोनों घर लौटे, तो उन्होंने देखा कि मोहिनी का शव छत के कुंडे से दुपट्टे के सहारे लटक रहा था। यह दृश्य देखकर उनके होश उड़ गए। उन्होंने तुरंत मोहल्ले वालों को जानकारी दी और फिर पुलिस को सूचना दी गई।
आत्महत्या या कुछ और?
घटना की सूचना मिलते ही रिसिया थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का मुआयना किया। थाना प्रभारी मदनलाल ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए हैं। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि किशोरी ने आत्महत्या क्यों की। न ही घर वालों को किसी तरह की पूर्व जानकारी थी जिससे यह संकेत मिले कि मोहिनी किसी मानसिक तनाव में थी।
पिता जुगुल किशोर ने पुलिस को बताया कि मोहिनी काफी सीधी और शांत स्वभाव की थी। उसने कभी किसी से कोई शिकायत नहीं की थी, और न ही घर में किसी तरह का विवाद हुआ था। उन्होंने कहा कि बेटी ने ऐसा कदम क्यों उठाया, यह उनके लिए रहस्य बना हुआ है।
पुलिस ने शुरू की जांच
पुलिस ने किशोरी के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थाना प्रभारी का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का असली कारण स्पष्ट हो पाएगा। वहीं, फॉरेंसिक रिपोर्ट की मदद से यह भी जानने की कोशिश की जा रही है कि यह मामला आत्महत्या है या किसी साजिश के तहत हत्या को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई है।
गांव में फैला शोक
मोहिनी की असमय और रहस्यमयी मौत से पूरे गांव में शोक की लहर फैल गई है। पड़ोसियों और रिश्तेदारों का कहना है कि मोहिनी पढ़ाई में ठीक-ठाक थी और हाल ही में उसने परीक्षा भी दी थी। उसके इस तरह के कदम से सभी स्तब्ध हैं।
निष्कर्ष
रिसिया क्षेत्र में हुई इस घटना ने एक बार फिर ग्रामीण समाज में बढ़ते मानसिक दबाव और किशोर उम्र की संवेदनशीलता को उजागर किया है। अब पूरा मामला पुलिस जांच के घेरे में है, और परिजन न्याय की उम्मीद लगाए बैठे हैं। पुलिस द्वारा की जा रही फॉरेंसिक और पोस्टमार्टम जांच से यह उम्मीद है कि जल्द ही इस दुखद घटना की सच्चाई सामने आ सकेगी।
