लापता युवक की तस्बीर

मिहींपुरवा का युवक तीन साल से लापता, परिवार ने जांच पर उठाए सवाल
संवाददाता फरियाद अली
मिहींपुरवा/बहराइच। रोज़गार की तलाश में पंजाब गया एक युवक पिछले तीन वर्ष से अधिक समय से लापता है। परिवार अब तक उसके लौटने की उम्मीद लगाए बैठा है और जांच की रफ्तार व दिशा को लेकर गंभीर प्रश्न खड़े कर रहा है।
परिजनों के अनुसार मोहम्मद शफीक पुत्र गामा 9 मई 2022 को लुधियाना गया था। वहां वह इस्लामगंज स्थित एक निजी फैक्ट्री में काम कर रहा था। 6 जुलाई 2022 को उसने घर फोन कर बताया कि हिसाब-किताब कर अगले दिन बकरीद मनाने घर लौटेगा। इसके बाद 7 जुलाई से मोबाइल बंद हो गया और वह घर नहीं पहुंचा।
परिवार ने तलाश के बाद पंजाब पुलिस से संपर्क किया। मामला डिवीजन न. 2 पुलिस स्टेशन लुधियाना में दर्ज हुआ। परिजनों का कहना है कि गुमशुदगी से जुड़े कई बिंदुओं और संदिग्ध नंबरों की जानकारी देने के बावजूद कार्रवाई अपेक्षित स्तर तक नहीं बढ़ी।
पीड़ित पक्ष का आरोप है कि कॉल डिटेल के आधार पर एक महिला तक मोबाइल पहुंचने की बात सामने आई थी। जनवरी 2024 में उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले में छापेमारी के दौरान फोन बरामद होने का दावा भी किया गया, लेकिन गिरफ्तारी नहीं हुई। परिवार का कहना है कि इसके बाद उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला और वे लगातार अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं।
मामले में बीते समय के दौरान कुछ पुलिसकर्मियों को पूछताछ के लिए तलब किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। बावजूद इसके, शफीक का अब तक कोई सुराग नहीं लग सका है।
परिवार की मांग है कि प्रकरण की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए, संदिग्ध व्यक्तियों को नामजद किया जाए और युवक का पता लगाने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
पुलिस अधिकारियों का आधिकारिक पक्ष सामने आना अभी बाकी है। जैसे ही प्रतिक्रिया मिलेगी, उसे प्रमुखता से wप्रकाशित किया जाएगा।
